पात्रता शर्त

1. पात्रता की शर्तें और अन्य प्रतिबंध :
a) न्यूनतम बीमा राशि : रु. 6,00,000
b) अधिकतम बीमा राशि :रु. 24,00,000
  (बीमित राशि 1,00,000/- रु. की गुणकों में होगी 1, 00,000/-)
c) प्रवेश के समय न्यूनतम आयु 18 वर्ष (पूर्ण)
d) प्रवेश के समय अधिकतम आयु 55 वर्ष (निकटतम जन्मदिन)
e) कवर समाप्त होने की अधिकतम आयु :65 वर्ष (निकटतम जन्मदिन)
f) न्यूनतम पॉलिसी अवधि :5 वर्ष
g) अधिकतम पॉलिसी अवधि :25 वर्ष
2. प्रीमियम का भुगतान:

प्रीमियम का भुगतान पॉलिसी की अवधि के दौरान वार्षिक या अर्द्ध-वार्षिक अंतरालों में किया जा सकता है.
प्रीमियम के भुगतान के लिए एक माह, लेकिन 30 दिनों से कम नहीं, की रियायती अवधि की अनुमति होगी.

3. नमूना प्रीमियम दरें:
नमूना प्रीमियम दरें (करों को छोड़कर) इस प्रकार हैं:
प्रति रु.1000 बीमा राशि वार्षिकीकृत प्रीमियम दरें
 
आयु(वर्ष) पॉलिसी अवधि (वर्ष)
  5 10 15 20 25
20 2.09 2.09 2.09 2.16 2.31
30 2.31 2.37 2.65 3.02 3.54
40 3.48 4.10 5.07 6.03 7.05
50 7.91 9.44 11.21 - -
4. अतिरिक्त प्रीमियम:

अर्द्ध-वार्षिक मोड के लिए अतिरिक्त प्रीमियम: तालिका वार्षिक प्रीमियम का 2.0%

5. पुनर्चलन:

यदि प्रीमियम का भुगतान रियायती अवधि में नहीं किया गया, तो पॉलिसी कालातीत हो जाएगी. कालातीत पॉलिसी का पुनर्चलन पहले अदत्त प्रीमियम की देय तिथि लेकिन पॉलिसी अवधि समाप्त होने की तिथि से पहले 2 लगातार वर्षों की अवधि में भुगतान के समय निगम द्वारा निर्धारित दर पर ब्याज (चक्रवृद्धि अर्धवार्षिक सहित) प्रीमियम की सभी बकाया राशियों की अदायगी करके, सतत बीमित बने रहने की योग्यता का संतोषजनक प्रमाण प्रस्तुत करके किया जा सकता है.
पॉलिसी के पुनर्चलन के प्रयोजन से विशेष रिपोर्टों सहित, यदि कोई हो, मेडिकल रिपोर्ट की लागत बीमित व्यक्ति द्वारा वहन की जाएगी.
निगम के पास पॉलिसी को मूल शर्तों, संशोधित शर्तों पर स्वीकार करने या अवरुद्ध पॉलिसी के पुनर्चलन से इनकार करने का अधिकार सुरक्षित है. अवरुद्ध पॉलिसी का पुनर्चलन केवल निगम द्वारा इसके स्वीकृत किए जाने के पश्चात ही प्रभावी होगा और इसकी सूचना पॉलिसीधारक को विशेष रूप से दी जाती है.

6. पेड-अप मूल्य:

पॉलिसी से कोई पेड-अप मूल्य नहीं प्राप्त होगा.

7. अभ्यर्पण मूल्य:

इस योजना के अंतर्गत कोई अभ्यर्पण मूल्य उपलब्ध नहीं होगा.

8. कर:

कर, यदि कोई हों, तो वह समय-समय पर लागू कर विनियमों और कर की दरों के अनुसार होंगे.
प्रचलित दरों के अनुसार कर की राशि अतिरिक्त प्रीमियम सहित, यदि कोई हों, पॉलिसीधारक द्वारा किस्त प्रीमियम पर देय होगी. भुगतान किए गए कर की राशि का विचार योजना के तहत भुगतान योग्य हितलाभों की गणना में नहीं किया जाएगा.

9. कूलिंग-ऑफ़ अवधि:

यदि पॉलिसीधारक पॉलिसी के "नियम और शर्तों" से संतुष्ट न हो, तो पॉलिसी बांड प्राप्त होने की तिथि से 15 दिन के अंदर आपत्तियों के कारण बताते हुए हमें पॉलिसी वापस की जा सकती है. इसकी प्राप्ति होने पर निगम पॉलिसी रद्द कर देगा और जमा की गई प्रीमियम में से कवर की अवधि के लिए आनुपातिक जोखिम प्रीमियम, स्टैम्प ड्यूटी शुल्क, चिकित्सा परीक्षण और विशेष रिपोर्ट, यदि कोई हो, को घटाकर शेष राशि वापस लौटा देगा.

10. अपवर्जन:

आत्महत्या:
यदि बीमित व्यक्ति (चाहे मानसिक रूप से स्वस्थ हो या अस्वस्थ) जोखिम के प्रारंभ होने की तिथि या पुनर्चलन की तिथि के 12 माह में आत्महत्या करता है, तो यह पॉलिसी निरर्थक होगी, मृत्यु की तिथि तक भुगतान किए गए प्रीमियम के 80% के बराबर राशि (कर, अतिरिक्त प्रीमियम, यदि कोई हो, को छोड़कर), देय होगी, बशर्ते पॉलिसी चालू हो. निगम इस पॉलिसी में अन्य कोई भी दावा स्वीकार नहीं करेगा.


बीमा अधिनियम, 1938 की धारा 45:

किसी जीवन बीमा पॉलिसी के प्रभावशील होने के दिनांक से दो वर्ष की अवधि बीत जाने पर बीमाकर्ता द्वारा इस आधार पर उस पर प्रश्न नहीं उठाया जा सकता कि बीमा के प्रस्ताव में किए गए किसी कथन, या किसी चिकित्सा अधिकारी या रेफ़री या बीमित व्यक्ति के मित्र की किसी रिपोर्ट में, या पॉलिसी जारी किए जाने हेतु किसी अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज़ में दिया गया विवरण, जिसके परिणामस्वरूप पॉलिसी जारी की गई थी, गलत या असत्य था, जब तक कि बीमाकर्ता यह न दर्शाए कि ऐसा विवरण महत्वपूर्ण था या छिपाया गया ऐसा महत्वपूर्ण तथ्य था जिसे प्रकट करना आवश्यक था और यह कि बीमाधारक द्वारा यह छलपूर्वक किया गया था और यह जानकारी देते समय बीमाधारक यह जानता था कि विवरण गलत है या यह कि, यह उस महत्वपूर्ण तथ्य को छुपाता था जिसे प्रकट करना महत्वपूर्ण था.
बशर्ते कि यदि बीमाकर्ता को किसी भी समय आयु का प्रमाण मांगने का अधिकार हो, तो इस अनुभाग में कुछ-भी उसे इससे न रोकता हो, और किसी भी पॉलिसी को केवल इस कारण संदेहास्पद नहीं माना जाएगा, कि पॉलिसी की शर्तें, बाद में इस प्रमाण के आधार पर समायोजित की गई हों, कि बीमित व्यक्ति की आयु, प्रस्ताव में गलत बताई गई थी.

छूट पर निषेध (बीमा अधिनियम, 1938 की धारा41):

  1. भारत में कोई भी व्यक्ति प्रत्यक्ष अथवा अप्रत्यक्ष रूप से किसी भी व्यक्ति को जीवन अथवा जोखिम संबंधी बीमा लेने, नवीकरण करने अथवा उसे जारी रखने के लिए प्रलोभन हेतु अथवा देय कमीशन का पूर्ण अथवा आंशिक भाग अथवा पॉलिसी पर वर्णित प्रीमियम पर कोई छूट नहीं दे सकता सिवाय उस छूट के जो बीमाकर्ता के विवरणपत्र अथवा सूची में प्रकाशित है बशर्ते बीमा अभिकर्ता द्वारा स्वयं के जीवन पर स्वयं द्वारा ली गई जीवन बीमा पॉलसी से संबंधित कमीशन की प्राप्ति को इस उपधारा के अतर्गत प्रीमियम में छूट की स्वीकृति नहीं माना जाएगा, यदि बीमा अभिकर्ता द्वारा ऐसी स्वीकृति निर्धारित शर्तों की संतुष्टि करती है जिसमें यह बताया गया है कि वह बीमाकर्ता द्वारा नियुक्त एक वास्तविक बीमा अभिकर्ता है.
  2. इस धारा के प्रावधान के अनुपालन का उल्लंघन करने वाले व्यक्ति को दंडित किया जाएगा यह दंड 500 रुपये तक हो सकता है.


टिप्पणी : "शर्तें लागू" हैं, कृपया इस संबंध में पॉलिसी दस्तावेज़ देखें या हमारे निकटतम शाखा कार्यालय से संपर्क करें.


''बीमा आग्रह की विषय-वस्तु है''
पंजीकृत कार्यालय:
भारतीय जीवन बीमा निगम
केंद्रीय कार्यालय, योगक्षेम,
जीवन बीमा मार्ग,
मुंबई – 400021.
वेबसाइट: www.licindia.in
पंजीयन क्रमांक: 512

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