आम आदमी बीमा योजना
लाभ
समाप्‍ति दिनांक के पहले किसी सदस्य की मृत्‍यु हो जाने पर, नामित को 30,000 रु. बीमित रकम देय होगी.
दुर्घटना लाभ: दुर्घटना में मृत्‍यु हो जाने पर या दुर्घटना के चलते संपूर्ण / आंशिक स्‍थायी विकलांगता होन पर, निम्‍नलिखित लाभ देय होंगे :
अ) दुर्घटना में मृत्‍यु होने पर 75,000 रु.
ब) दुर्घटना में संपूर्ण स्‍थायी विकलांगता पर 75,000 रु.
स) किसी दुर्घटना में एक आंख या कोई एक अंग खोने पर 37,500 रु.
 
एक निशुल्‍क जोड़- योजना के अंतर्गत एएबीवाय के सदस्‍यों के बच्‍चों को छात्रवृत्ति लाभ उपलब्‍ध करवाया जाता है. इसमें 9 वीं से 12 वीं स्‍तर में पढ़ रहे अधिकतम दो बच्‍चों को प्रतिमाह 100 रु. की दर से छात्रवृत्ति दी जायेगी, जो प्रतिवर्ष 1 जुलाई से 1 जनवरी के बीच अर्द्धवार्षिक रूप से देय है.
 
प्रीमियम
  • योजना के अंतर्गत प्रीमियम 200 रु. होगा, जिसमें से 50% पर इस उद्देश्‍य के लिये केंद्रीय सरकार द्वारा बनायी गयी निधि से सब्सिडी प्राप्‍त होगी और शेष 50% राज्य सरकार द्वारा अंशदान किया जायेगा.
  • प्रीमियम वार्षिक प्रकार में देय होगा और भुगतान के प्रकार में किसी प्रकार की राहत की अनुमति नहीं होगी.
  • यदि समूह में 2000 या इससे अधिक सदस्‍य हों, तो दावा अनुभवों पर अनुभव दर समायोजन की अनुमति 3 वर्षों के बाद होगी. यदि समूह का आकार छोटा है या दावा अनुभव प्रतिकूल है, एलआईसी दरों का पुनरावलोकन कर सकता है.
दावा प्रक्रिया

दावा प्रक्रिया साधारण है. लाभार्थी को नोडल एजेंसी को मूल मृत्‍यु प्रमाणपत्र और एलआईसी द्वारा जारी किया गया पहचान पत्र देने की ज़रूरत होगी, जो इसे दावा फ़ॉर्म के साथ शहर के नज़दीकी पीएंडजीस इकाई तक पहुंचाने की व्‍यवस्था करेगी, जहां पर पीएंडजीस इकाइयां स्‍थित हैं. उन शहरों में, जहां पी एंडजीस इकाइयां स्‍थित नहीं हैं, दावा नज़दीकी शाखा कार्यालय में जमा करवाया जाना चाहिये. एलआईसी लाभार्थी को सीधे ही अकाउंट पेयी चेक (शाखा जमा चेक) भेजकर या एलआईसी द्वारा निर्धारित भुगतान के किसी भी अन्‍य प्रकार से दावे को निपटायेगा. दुर्घटना में मृत्‍यु होने पर, पुलिस पूछताछ रिपोर्ट, एफआईआर, पोस्‍टमॉर्टम रिपोर्ट भी जमा करने की ज़रूरत रहेगी

विकलांगता दावे के मामले में, दुर्घटना के साक्ष्‍य दस्‍तावेज के साथ शासकीय नगरीय शल्‍य चिकित्‍सक या कुशल शासकीय अस्‍िथरोग विशेषज्ञ द्वारा जारी संपूर्ण/ आंशिक विकलांगता प्रमाणपत्र जमा करने की आवश्‍यकता होगी.

मृत्‍यु/ संपूर्ण स्‍थायी विकलांगता का आशय दुर्घटना के 1 80 दिनों के भीतर हिंसा, बाह्य और दृश्‍य हथियार, स्‍वतंत्र या किसी अन्य कारण के चलते हुयी दुर्घटना से अकेले और सीधे शरीर पर घाव के चलते मृत्‍यु/ संपूर्ण स्‍थायी विकलांगता होने से है.

छात्रवृत्ति दावे की प्रक्रिया
  • नोडल एजेंसी छात्र की पहचान करेगी. वह सदस्य, जिसका बच्‍चा छात्रवृत्ति का पात्र है, उसे एक आवेदन पत्र भरना होगा और इसे नोडल एजेंसी में जमा करना होगा. बदले में नोडल एजेंसी संबंद्ध पीएंडजीएस इकाई को छात्र के नाम, विद्यालय के नाम, कक्षा, सदस्‍य का नाम, मास्‍टर पॉलिसी नंबर और सदस्‍यता क्रमांक जैसे पूर्ण विवरणों के साथ लाभार्थी छात्रों की सूची भेजेगी
  • प्रत्‍येक अर्द्धवर्ष में, एलआईसी लाभार्थी छात्रों की सूची के साथ अकाउंट पेयी चेक नोडल एजेंसी को भेजेगी. नोडल एजेंसी पात्र छात्रों को छात्रवृत्ति प्रदान करेगी. अगले अर्द्धवर्ष के लिये छात्रवृत्ति दावा करने से पहले नोडल एजेंसी एक उपयोगिता प्रमाणपत्र जमा करेगी.
  • छात्रवृत्ति भुगतान को कोई भी अन्‍य प्रकार एलआईसी/ सरकार द्वारा तय किया जा सकता है.
यह कोई विवरण पुस्‍ितका नहीं है. यह प्रमुख विशेषताओं का सार मात्र है. अन्‍य विवरणों और शर्तों के लिये, कृपया एलआईसी की नज़दीकी पीएंडजीएस इकाई पर संपर्क करें.
 
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